आपका शहरउत्तराखंडउत्तराखंड समाचारखबर हटकरताज़ा ख़बरेंदेशदेहरादूनन्यूज़सोशल मीडिया वायरल

वर्षों से लंबित पड़ी रिक्तियों पर विज्ञप्ति जारी कर भर्ती प्रक्रिया पूरी करने की मांग

भविष्य की उम्मीद लेकर गोलू देवता के दरबार पहुँचे बेरोजगार लैब तकनीशियन

देहरादून। एकता विहार धरना स्थल पर मेडिकल लैब टेक्नोलॉजिस्ट संघ के बेरोजगार डिग्रीधारी युवा अपनी चार सूत्रीय मांगों और नियमित भर्ती को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हुये हैं। उनका यह आंदोलन पिछले 65 दिनों से अधिक समय से जारी है, जिसमें वे सरकार से जल्द से जल्द पद निकालने और नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करने की मांग कर रहे हैं। सबसे बड़ी बात यह हैं की बेरोजगार डिग्रीधारी युवाओ ने विरोध प्रदर्शन के दौरान गत दिनों ‘हरेला’ पर्व पर धरना स्थल व आसपास के क्षेत्रों में वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया था।
उत्तराखण्ड की देवभूमि केवल अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए ही नहीं, बल्कि अपनी समृद्ध लोकआस्था और न्याय की परंपरा के लिए भी जानी जाती है। कुमाऊँ के अल्मोड़ा स्थित प्रसिद्ध चितई गोलू देवता मंदिर को न्याय के देवता का दरबार माना जाता है। सदियों से यह विश्वास रहा है कि जो व्यक्ति अपनी पीड़ा, अन्याय या समस्या को सच्चे मन से गोलू देवता के समक्ष लिखित पत्र के माध्यम से प्रस्तुत करता है, उसकी पुकार अवश्य सुनी जाती है। यही कारण है कि मंदिर परिसर में हजारों नहीं, बल्कि लाखों पत्र और घंटियाँ श्रद्धालुओं की अटूट आस्था का प्रमाण बनकर दिखाई देती हैं।
इसी लोकविश्वास के साथ 26 वर्षों से उपेक्षित और रोजगार की प्रतीक्षा कर रहे डिग्रीधारी लैब तकनीशियनों ने भी गोलू देवता के चरणों में पत्र अर्पित कर न्याय की गुहार लगाई। अपनी चार सूत्रीय माँगों को लेकर पिछले 65 दिनों से देहरादून के एकता विहार धरना स्थल पर आंदोलनरत ये युवा लगातार सरकार से अपनी मांगों पर सकारात्मक निर्णय की अपेक्षा कर रहे हैं। उनका कहना है कि उत्तराखंड राज्य गठन के बाद भी चिकित्सा स्वास्थ्य विभाग में डिग्रीधारी लैब तकनीशियनों के लिए नियमित भर्तियाँ नहीं हुईं ना सेवानियमावली बनाई गई, जिससे हजारों योग्य युवा वर्षों से बेरोजगारी का सामना कर रहे हैं।

Related Articles

Back to top button