यूपीआई पर 0.4 प्रतिशत एमडीआर के विरोध में कांग्रेस का प्रदर्शन
व्यापारियों के उत्पीड़न का लगाया आरोप

संदीप गोयल/एस.के.एम. न्यूज़ सर्विस
देहरादून। केंद्र सरकार द्वारा 2,000 से अधिक के निर्धारित यूपीआई व्यापारी लेनदेन पर 0.4 प्रतिशत Merchant Discount Rate (MDR) लागू किए जाने के फैसले के विरोध में आज कांग्रेस पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने डिस्पेंसरी रोड पर जोरदार प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने “UPI ट्रांजैक्शन शुल्क खत्म करो, व्यापारियों का उत्पीड़न बंद करो” जैसे नारे लगाते हुए केंद्र सरकार के खिलाफ आक्रोश व्यक्त किया और पुतला दहन किया।
केंद्र सरकार के नए ढांचे के अनुसार निर्धारित श्रेणी के 2,000 से अधिक के P2M UPI लेनदेन पर 0.4 प्रतिशत एमडीआर लागू होगा, जबकि सरकार का कहना है कि यह शुल्क व्यापारी भुगतान व्यवस्था का हिस्सा है और ग्राहकों पर सीधे नहीं डाला जाएगा। वहीं, व्यापारी संगठनों ने इस फैसले से छोटे एवं मध्यम कारोबारियों की लागत बढ़ने की आशंका जताई है।
प्रदर्शन के दौरान प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष एवं पूर्व विधायक राजकुमार ने कहा कि सरकार ने डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देकर व्यापारियों और आम लोगों को यूपीआई अपनाने के लिए प्रेरित किया और अब व्यापारी लेनदेन पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ डालने की व्यवस्था की जा रही है। उन्होंने कहा कि छोटे व्यापारियों का कारोबार पहले से ही महंगाई और बढ़ती लागत की चुनौतियों से जूझ रहा है, ऐसे में डिजिटल भुगतान पर अतिरिक्त शुल्क उनकी परेशानी बढ़ा सकता है। कांग्रेस की मांग है कि इस फैसले पर पुनर्विचार कर व्यापारियों को राहत दी जाए।
प्रदेश उपाध्यक्ष लालचंद शर्मा ने कहा कि छोटे दुकानदार, रेहड़ी-पटरी वाले और मध्यम वर्गीय व्यापारी अपनी रोजमर्रा की बिक्री में डिजिटल भुगतान पर निर्भर हो चुके हैं। ऐसे में यूपीआई से जुड़ी अतिरिक्त लागत व्यापारिक गतिविधियों को प्रभावित कर सकती है। उन्होंने सरकार से व्यापारियों पर किसी भी प्रकार का अतिरिक्त बोझ न डालने की मांग की। महानगर अध्यक्ष व्यापार प्रकोष्ठ सुनील कुमार बांगा ने कहा कि यूपीआई आज आम जनता और व्यापारियों के बीच भुगतान का महत्वपूर्ण माध्यम बन चुका है। सरकार को ऐसी नीतियां बनानी चाहिए जिनसे डिजिटल भुगतान को बढ़ावा मिले और छोटे कारोबारियों पर अतिरिक्त आर्थिक दबाव न पड़े।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यदि व्यापारियों की लागत बढ़ती है तो उसका अप्रत्यक्ष प्रभाव बाजार की कीमतों और ग्राहकों पर पड़ने की आशंका रहती है। इसलिए सरकार को व्यापारियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए इस व्यवस्था की समीक्षा करनी चाहिए।
प्रदर्शन के दौरान पार्षद विरेंद्र बिष्ट, अनूप कुमार, दीपा चौहान, दानिश कुरैशी, राहुल शर्मा, गुलशन सिंह व्यापारी गुरनेन सिंह, राम कपूर, विपुल नौटियाल, मनीष गर्ग, पप्पू कोहली, गुलशन, सलीम अहमद, राहुल शर्मा, फारूक अहमद, चमन लाल, अजीत सिंह, राम कपूर, प्रवीण बांगा, शिवा सोनकर, राजेंद्र सिंह घई, सुनील चंद, अनु सोनकर, अमीचंद सोनकर, नमन, जागीर खान, विजेंद्र चौहान सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं स्थानीय व्यापारी मौजूद रहे।




