उत्तराखंड समाचार

नर्सिंग काॅलेज में मनाया गया शपथ ग्रहण समारोह

वक्ताओं ने कहा कि नर्सिंग का क्षेत्र सेवाभाव के साथ-साथ स्किल्स डेवलप करने का पेशा है

ऋषिकेश। एम्स ऋषिकेश के नर्सिंग काॅलेज में दीप प्रज्ज्वलन और शपथ ग्रहण समारोह मनाया गया। वक्ताओं ने कहा कि नर्सिंग का क्षेत्र सेवाभाव के साथ-साथ स्किल्स डेवलप करने का पेशा है और शिक्षा पूरी करने के बाद नर्सिंग छात्राओं को फ्लोरेन्स नाईटिंगेल की भांति दया और सेवाभाव से रोगियों की सेवा करनी चाहिए। 2022 बैच के प्रथम वर्ष की बीएसएसी (ऑनर्स) नर्सिंग छात्राओं के लिए एम्स ऋषिकेश में ’लैम्प लाईटिंग सेरेमनी’ का आयोजन किया गया। दीप प्रज्ज्वलन के बाद सरस्वती वन्दना से प्रारम्भ हुए कार्यक्रम में समारोह की मुख्य अतिथि भारत सरकार में नर्सिंग सलाहकार दीपिका सेसिल खाका ने नर्सिंग छात्राओं को नर्सिंग पेशे में आने के लिए बधाई दी और कहा कि एक दीपक बिना अपनी चमक को कम किए सैकड़ों दीपक जला सकता है। इसी तरह हम बिना कुछ खोए अपने ज्ञान, विचारों, मूल्यों और देखभाल के अनुभव को साझा करके दूसरों के जीवन में बड़ा योगदान दे सकते हैं। सेवाभाव के प्रति छात्राओं का मार्गदर्शन करते हुए उन्होंने कहा कि नर्सिंग पेशा, चिकित्सीय क्षेत्र के सिस्टम का प्रमुख अंग है और इसे अपने कार्यों में गुणवत्ता बरकरार रख पूरी निष्ठा और कर्तव्यों के साथ निर्वहन करने की जरूरत है। संस्थान की कार्यकारी निदेशक प्रोफेसर( डाॅ.) मीनू सिंह ने छात्राओं को नर्सिंग पेशे में शामिल होने के लिए बधाई दी और नर्सिंग छात्राओं को विश्व में पहली नर्स के रूप में पहचान रखने वाली फ्लोरेंस नाइटिंगेल के गुणों का अनुकरण करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि नाइटिंगेल न केवल एक अच्छी नर्स थीं बल्कि वह एक महान सांख्यिकीविद् भी थीं। उन्होंने छात्राओं को यह भी सलाह दी कि नर्सिंग क्षेत्र में स्किल्स डेवलप करने के साथ-साथ छात्राएं अपने सीखने और साक्ष्य आधारित अभ्यास के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का उपयोग करें। डीन एकेडेमिक प्रोफेसर जया चतुर्वेदी ने नर्सिंग छात्राओं को उनके पेशेवर विकास के लिए अधिकतम सीखने के लिए प्रेरित किया और उन्हें टेंडर लविंग केयर का अभ्यास करने की सलाह दी।काॅलेज ऑफ नर्सिंग की प्रिन्सिपल प्रो. स्मृति अरोड़ा ने नर्सिंग छात्राओं को 5 विशेष गुण विकसित करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि नर्सिंग की छात्राओं में काक की तरह चतुरता, श्वान की भांति निद्रा गुण, अल्पहारी और गृहत्यागी जैसे लक्षण होने चाहिए। प्रो. अरोड़ा ने बताया कि 2022 बैच के प्रथम वर्ष में कुल 89 छात्राएं अध्ययनरत हैं। फेकल्टी ऑफ नर्सिंग एसोशिएट प्रोफेसर डाॅ. रूपिंदर देओल और डाॅ. रुचिका ने फ्लोरेंस नाइटिंगेल के जीवन इतिहास और दीप प्रज्ज्वलन के महत्व के बारे में विस्तार से बताया। प्रिन्सिपल प्रोफेसर स्मृति अरोड़ा द्वारा ईमानदारी और सहानुभूति के साथ अपने पेशे मे कार्य करने के लिए नर्सिंग छात्राओं को शपथ दिलाई गई,जबकि समारोह की सह संयोजक श्रीमती पूनम वर्मा ने छात्राओं से दीप प्रज्ज्वलित कराया व उन्हें लैम्प लाईटिंग की महत्ता बताई। समारोह के दौरान एडिशनल एमएस डाॅ. अंशुमन दरबारी, डीएमएस डाॅ. भारत भूषण, जनरल मेडिसिन की एचओडी डाॅ.मीनाक्षी धर, डाॅ. शालिनी राजाराम, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी शशिकांत जी, डीएनएस वन्दना, नर्सिंग काॅलेज के फैकल्टी सदस्य व नर्सिंग छात्राएं मौजूद थीं।

Related Articles

Back to top button

Notice: ob_end_flush(): failed to send buffer of zlib output compression (1) in /home/u661627757/domains/apniavaj.com/public_html/wp-includes/functions.php on line 5581

Notice: ob_end_flush(): failed to send buffer of zlib output compression (1) in /home/u661627757/domains/apniavaj.com/public_html/wp-includes/functions.php on line 5581