उत्तराखंड समाचारधर्म

दीपावली का पर्व बुराई पर अच्छाई और अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक: मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों के घरों में दीपावली पर जलने वाले दिये कुम्हारों की खुशहाली तथा आर्थिक समृद्धि का भी माध्यम बनते हैं।

देहरादून । मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कुम्हार मंडी क्षेत्र का भ्रमण कर दीपावली के अवसर पर मिट्टी के दिये व अन्य सामान तैयार करने वाले कुम्हारों से मिले तथा उन्हें दीपावली की शुभकामनाएं दी। मुख्यमंत्री ने स्वयं भी मिट्टी के दिये क्रय कर सभी से मिट्टी के दिये क्रय करने तथा दीपावली पर मिट्टी के दिये जलाने की अपील की। उन्होंने कहा कि मिट्टी के दिये दीपावली के पर्व को पावनता प्रदान करते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों के घरों में दीपावली पर जलने वाले दिये कुम्हारों की खुशहाली तथा आर्थिक समृद्धि का भी माध्यम बनते हैं। मुख्यमंत्री ने क्रय किये गये दियों का डिजिटल माध्यम से भुगतान करते हुए, उन्होंने कहा कि डिजिटल ट्रांजेक्शन देश में तेजी से बढ़ा है। भारत दुनिया में सबसे अधिक डिजिटल ट्रांजेक्शन करने वाला देश है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश ने डिजिटलाईजेशन के क्षेत्र में तेजी से प्रगति की है। कुछ वर्षों में यूपीआई तेजी से हमारी अर्थव्यवस्था और आदतों का हिस्सा बन गया है। यह डिजिटल भारत की नींव है, यह अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक डिजिटल सेवाएं पहुंचाने का माध्यम है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस दीपावली पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘वोकल फॉर लोकल’ के मंत्र को आत्मसात करते हुए स्थानीय उत्पादों के प्रचार एवं प्रसार को हम सभी अधिक से अधिक बढ़ावा देकर आत्मनिर्भर भारत के संकल्प की पूर्ति में भी अपना योगदान दे सकते हैं इससे हमारे पारम्परिक उत्पादों को भी पहचान मिलेगी। उन्होंने कहा कि पूरे देश में लोग यदि स्थानीय उत्पादों के क्रय पर ध्यान दे तो हमारा देश भी आर्थिक रूप से मजबूत बनेगा तथा स्थानीय उत्पादकों का बनोबल भी बढ़ेगा। मुख्यमंत्री ने सुख, समृद्धि और संपन्नता के प्रतीक दीपावली के पावन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुये कहा कि माँ लक्ष्मी और भगवान श्री गणेश जी के आशीर्वाद से सभी के जीवन में सुख समृद्धि, शांति एवं आरोग्य का संचार हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि दीपावली का पर्व मर्यादा एवं सद्भावना का भी संदेश देता है। दीपों का यह त्योहार भगवान राम के 14 वर्ष के वनवास के पश्चात वापस अयोध्या आने से भी जुड़ा है। दीपावली का पर्व बुराई पर अच्छाई और अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक है। दीपावली का यह पर्व हम सबके जीवन को प्रकाशमय करने के साथ हम सबके जीवन में धन, ऐश्वर्य और संपन्नता लेकर आये, इसकी भी उन्होंने कामना की है।

 

 

 

Related Articles

Back to top button

Notice: ob_end_flush(): failed to send buffer of zlib output compression (1) in /home/u661627757/domains/apniavaj.com/public_html/wp-includes/functions.php on line 5581

Notice: ob_end_flush(): failed to send buffer of zlib output compression (1) in /home/u661627757/domains/apniavaj.com/public_html/wp-includes/functions.php on line 5581