हिमालयन कार रैली-2026 और नाइट सफारी जैसी नई गतिविधियां शुरू करने की तैयारी
खोलाचौरी से अदवाणी तक 15 दिवसीय पायलट परियोजना के रूप में नाइट सफारी शुरू करने की योजना

पौड़ी गढ़वाल । जनपद पौड़ी गढ़वाल को पर्यटन के नए गंतव्य के रूप में विकसित करने के उद्देश्य से हिमालयन कार रैली-2026 और नाइट सफारी जैसी नई गतिविधियां शुरू करने की तैयारी है। उत्तराखण्ड में पहली बार आयोजित होने जा रही हिमालयन कार रैली 04 एवं 05 दिसम्बर को जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से गुजरेगी। वहीं, खोलाचौरी से अदवाणी तक 15 दिवसीय पायलट परियोजना के रूप में नाइट सफारी शुरू करने की योजना है। इन पहलों से पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर भी विकसित होंगे।
हिमालयन कार रैली-2026 आगामी 02 से 06 दिसम्बर तक उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद के तत्वावधान में आयोजित होगी। रैली की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई, जिसमें प्रस्तावित रूट, समय-सारणी, सड़क की स्थिति, यातायात, सुरक्षा एवं आपदा प्रबंधन व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। रैली 03 दिसम्बर को रामनगर से प्रारम्भ होगी, जहां वाहनों की स्क्रूटनी एवं प्रतिभागियों की ब्रीफिंग होगी। 04 दिसम्बर को रैली मोहान-मर्चुला होते हुए जनपद में प्रवेश करेगी और क्यार्की-मल्ली, नैनीडांडा, सेमरी-तल्ली, लैंसडाउन, दुगड्डा एवं यमकेश्वर क्षेत्र के निर्धारित मार्गों से गुजरेगी।
जिलाधिकारी ने बताया कि प्रस्तावित मार्गों की प्रारंभिक रेकी हो चुकी है। आगामी 21 एवं 22 नवम्बर को प्रशासन, पुलिस, लोनिवि एवं पीएमजीएसवाई की संयुक्त टीम अंतिम रेकी करेगी। उन्होंने संबंधित विभागों को सड़कों की मरम्मत एवं सुधार, यातायात और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही स्वास्थ्य विभाग को एम्बुलेंस, चिकित्सा टीमों एवं हेली एम्बुलेंस की व्यवस्था तैयार रखने तथा एसडीआरएफ एवं आपदा प्रबंधन विभाग को राहत-बचाव संसाधन उपलब्ध रखने को कहा। संचार विभाग को निर्बाध संचार व्यवस्था और वैकल्पिक संचार साधन तैयार रखने के निर्देश भी दिए। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय से समयबद्ध तैयारियां पूरी करने तथा सुरक्षा एवं आपातकालीन व्यवस्थाओं का पूर्वाभ्यास सुनिश्चित करने को कहा।
वहीं, खोलाचौरी से अदवाणी तक नाइट सफारी शुरू करने के संबंध में भी हितधारकों के साथ बैठक आयोजित की गई। इसे शुरुआती तौर पर 15 दिवसीय पायलट परियोजना के रूप में संचालित किया जाएगा। सफल रहने पर इसे व्यावसायिक रूप से शुरू करने की योजना है। नाइट सफारी का संचालन उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद द्वारा किया जाएगा। इसके लिए संबंधित लोगों को प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, ताकि वे पर्यटकों को पौड़ी शहर एवं आसपास के पर्यटन स्थलों की जानकारी देने के साथ बेहतर पर्यटन अनुभव उपलब्ध करा सकें।
बैठक में एएसपी संचार अनूप काला, जिला पर्यटन अधिकारी कमल किशोर जोशी, सीएमओ डॉ. मेघना असवाल सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।




