223 वे वार्षिकोत्सव का विश्राम दिवस : माता के श्रृंगार के बाद पूजा अर्चना को उमड़े भक्त
आरती, हवन, कन्या पूजन व भंडारे का आयोजन

एस.के.एम. न्यूज़ सर्विस
देहरादून, 22 जुलाई। श्री माँ डाट काली मनोकामना सिद्धपीठ व माँ भद्रकाली मंदिर के 223 वे वार्षिकोत्सव के विश्राम दिवस पर मंदिर में माता के श्रृंगार के बाद पूजा अर्चना को भक्त उमड़े। आरती, हवन, कन्या पूजन व भंडारे का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने श्रद्धाभाव से माता रानी के जयकारे लगाए।
रात भर चले जागरण के तहत भजन गायकों ने सुबह 6 बजे माता की आरती के बाद अपनी प्रस्तुति को विराम दिया। इसके बाद मंदिर के महंत श्री शुभम गोस्वामी जी के सानिध्य में सुबह हनुमान मंदिर में रखे गए पवित्र झंडे को हनुमान मंदिर, भैरव मंदिर, शिव मंदिर व माँ डाट काली मंदिर में लगाये गए। इसके बाद कन्यापूजन किया गया, कन्यायो को चने, हलुवा, पूड़ी का प्रसाद भोग लगाकर चुनरी व दक्षिणा दी गई। महंत शुभम गोस्वामी जी के सानिध्य में सामूहिक हवन किया गया, उसके उपरांत माँ के विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने माँ के जयकारे के साथ सेवा की व प्रसाद ग्रहण कर पुण्य कमाया। महंत शुभम गोस्वामी ने भक्तों को बधाई व आशीर्वाद दिया। मंदिर के सेवादार गौरव कुमार और दिनेश अग्रवाल ने बताया कि वार्षिकोत्सव में सेवा के लिए मंदिर से जुड़े 200 सेवादार जगह- जगह व्यवस्था बनाने के लिए तैनात रहे।
इस अवसर पर संयम गोस्वामी, श्लोक गोस्वामी, नर्सिंग दास, हरीश मारवाह, शोभित गोस्वामी, नीरज गोस्वामी, शिवम गोयल, अमीचंद सोकर, श्रवण वर्मा, गोकुल परविन्दा, गौतम प्रजापति, राजू भाई, सूरज, सुनील आहूजा, फौजी भाई, आचार्य अनूप ममगाईं, आचार्य शैलेंद्र थपलियाल, आचार्य प्रवीण जुयाल, राम पद जना, गौतम सोनकर, मनोज गुप्ता, विजय मलिक, राजीव राजस्थानी, विक्की खत्री, विनीत नागपाल, किशोर गेरा, शुभम पटेल आदि सेवादार उपस्थित रहे।




